
बदायूं में एक दिन पहले हिंदुस्तान पेट्रोलियम के 2 अफसरों की दिनदहाड़े हुई हत्या के बाद वहां के SSP डॉक्टर बृजेश कुमार सिंह को हटा दिया गया है। उन्हें साइडलाइन करते हुए पुलिस मुख्यालय पर लॉजिस्टिक में तैनाती दी गई है।
बृजेश सिंह 24 जून, 2024 को बदायूं के SSP बने थे। यहां वे पौने 2 साल रहे। कासगंज की SP अंकिता शर्मा को प्रमोशन मिला है। उन्हें बदायूं का नया पुलिस कप्तान बनाया गया है।
बदायूं में गुरुवार को हिंदुस्तान पेट्रोलियम के DGM सुधीर गुप्ता (55) और असिस्टेंट मैनेजर हर्षित मिश्रा (35) की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। आरोपी अजय सिंह का शुक्रवार सुबह पुलिस ने हाफ एनकाउंटर किया।
इस पूरे हत्याकांड में बदायूं पुलिस की बड़ी लापरवाही सामने आई है। आरोपी अजय प्रताप सिंह आउटसोर्स कर्मचारी था और प्लांट में पराली की सप्लाई का ठेका लेता था। लेकिन, इसे नौकरी से निकालकर इसकी फर्म को ब्लैक लिस्ट कर दिया गया था। इसके बाद अजय करीब तीन महीने से DGM सुधीर गुप्ता को जान से मारने की धमकी दे रहा था।
सुधीर गुप्ता ने 4 फरवरी को मुसाझाग थाने में अजय के खिलाफ FIR भी दर्ज कराई थी। इसमें कहा था कि अजय लगातार धमका रहा है। उनका पीछा करता है।
सुधीर गुप्ता इतना डर गए थे कि उन्होंने रिटायरमेंट के 5 साल पहले ही VRS की एप्लिकेशन दे दी थी, जो मंजूर हो गई थी। 31 मार्च को उनकी नौकरी का आखिरी दिन था। वहीं, हर्षित मिश्रा ने भी अपने ट्रांसफर के लिए एप्लिकेशन दी थी। लेकिन, उससे पहले ही आरोपी ने दोनों की हत्या कर दी। FIR के बाद भी बदायूं पुलिस ने एक्शन नहीं लिया।
असिस्टेंट मैनेजर हर्षित मिश्रा की मां रीना ने शुक्रवार को कहा था- बेटे से बात हुई थी। उसने बताया था कि उसकी जान को खतरा है। इस बारे में उसने एसपी को भी बताया, डीएम के पास भी गया।विधायक के पास भी शिकायत की थी, लेकिन जब भी वे विधायक के पास जाते थे, तो वह कभी इनकी तरफ बोलते थे तो कभी अजय सिंह की तरफ होते थे। सब ठाकुर हैं, सब उनके भाई जैसे हैं। सभी ने मिलकर बेटे को मारा है।

